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धर्म रक्षा दल ने उठाई बापू आशाराम जी की रिहाई की मांग

छिंदवाड़ा(सुशील परिहार)- धर्म रक्षा दाल के माणिक देशमुख ने बताया कि संत आशाराम जी बापू जी की चिकित्सा संबंधी लापरवाही एवं उनके प्रति प्रशासनिक दुर्व्यवहार षड्यंत्र एवं साजिश को रोकने और उन्हें तत्काल जमानत देने हेतु मांग की गई।
बताया गया है कि पूज्य संत आशारामजी बापू जी के बारे में दिनांक 6 मई को राष्ट्रीय प्रमुख समाचारों में खबरें हैं कि उनको रात में अस्पताल में कोरोना कोविड संक्रमण के कारण भर्ती किया गया और उनकी हालत उनका स्वास्थ्य बिगड़ता चला जा रहा है । जमानत और उचित चिकित्सा सामान्य कैदी का भी संवैधानिक अधिकार है। जिस संविधान के पालन करने की शपथ न्यायाधीशों ने ली है जो स्वयं ही अपनी नियुक्ति कॉलेजियम सिस्टम से कर रहे हैं और संविधान की धज्जियां उड़ा रहे हैं। प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति इस मामले में अपने कर्तव्य का पालन नही कर रहे है। संत आशाराम जी बापू के मामले में भी संविधान की धज्जियां उड़ाई जा रही है । न्यायाधीशों के द्वारा संविधान का पालन नहीं किया जा रहा है। पूज्य संत आशाराम जी बापू के चरणों में बैठकर विश्व हिंदू परिषद के अध्यक्ष माननीय अशोक सिंघल जी ने सन 2012 में प्रयागराज इलाहाबाद महाकुंभ में सार्वजनिक मंच पर कहा था कि दामिनी बलात्कार कांड को मुद्दा बनाकर कांग्रेस पार्टी की सोनिया गांधी ने ऐसा कानून बनाया है जिसका सरकार आसानी से दुरुपयोग करके किसी को भी फंसा सकती है। बापूजी आपके ऊपर भी चरित्र हनन का आरोप लगाने के लिए लड़कियां तैयार की गई है । सनातन धर्म हमारा राष्ट्र हमारी संस्कृति हमारे मठ मंदिर हिंदू जनता साधु संत कुछ भी सुरक्षित नहीं है अब आप ही हमे बचाइए। आपके चरणों में प्रार्थना है कि आप ही हमें अब बचाइए । राजनीतिक कारणों से उनके सत्संग कार्यक्रम में बाधा करने पर सार्वजनिक मंच पर सन्न 2011 में पूज्य संत आशारामजी बापू ने मैं दोनों हाथ उठा कर रहा आज पुकार रहा हूं कोई है इस अन्याय को रोकने वाला आज मेरी मदद के लिए दोनों हाथ उठाकर पुकार रहा हूं फिर उन्होंने शांत होकर कहा उन्होंने कहा की आप संकल्प करें भारतीय संस्कृति की रक्षा हो सनातन धर्म की रक्षा हो खूब गहरा श्वास लें वह गहरा और गहरा और गहरा और प्रतिदिन 11 बार ओंकार का गुंजन खूब गहरा श्वास लेकर गुंजन करें जिससे फेफड़े मजबूत होंगे आपके फेफड़ों की भी रक्षा होगी और आपकी भी रक्षा होगी इसी में हम सब की भलाई है मेरी भलाई है आपकी भलाई है सबकी भलाई है।आज कोरोना महामारी है फेफड़ों पर ही सबसे ज्यादा अटैक हो रहा है। पूज्य संत आशाराम जी बापू पर बलात्कार का आरोप लगाने वाली लड़की की मेडिकल रिपोर्ट में लड़की का कौमार्य सुरक्षित पाया गया है । यह मामला जोधपुर के न्यायालय में चल रहा है । जोधपुर न्यायालय ने कहा है कि संत आशाराम जी बापू को जमानत हम दे सकते हैं जब गुजरात के बलात्कार के मामले में अहमदाबाद न्यायालय जमानत दे देगा लेकिन अहमदाबाद न्यायालय ने बापूजी को अभी तक जमानत नहीं दी है कई बार उनकी याचिकाएं निरस्त की गई है।  हिंदू संगठनों ने दाती महाराज और स्वामी चिन्मयानंद के मामले में देशद्रोही आतंकवादी नक्सलवादी वकीलों और न्यायाधीशों के गिरोह का पर्दाफाश करके दांती महाराज चिन्मयानंद को गिरफ्तारी से बचाया जिस आरोप में संत आसाराम जी बापू को गिरफ्तार किया गया है । याचिका की प्रतिलिपि संलग्न है । राजस्थान सरकार को राष्ट्रवादी हिंदू वादी एवं अनेक सामाजिक संगठनों ने पूज्य संत आसाराम जी बापू को तत्काल जमानत देने के लिए प्रार्थना की है। गुजरात के नक्सलवादी माओवादी आतंकवादी क्रिश्चियन बहुल्य जनसंख्या में पालघर में 2 साधुओं की हत्या, स्वामी लक्ष्मणानंद की हत्या से देश में गृह युद्ध की स्थिति बन गई थी। इसके पूर्व भी हिंदू संगठनों ने केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार को सर्वोच्च न्यायालय को देशद्रोही शक्तियों से सावधान किया है जो भारत में गृहयुद्ध करवा कर भारत के हालात लीबिया सीरिया और मिश्र की तरह कब्रिस्तान और खंडहर बना देना चाहते हैं। गुजरात में सीरियल बम ब्लास्ट को विफल बनाने वाले वरिष्ठ पुलिस अधिकारी देशभक्त डीजी वंजारा ने भी सार्वजनिक रूप से संत आसाराम जी बापू को निर्दोष बरी करने के लिए सरकार से प्रार्थना की है ।
गुजरात संदेश अखबार दिनांक 8/10/ 2014 के अनुसार हिंदू संगठनों ने गुजरात सरकार से मांग की थी कि क्रिश्चियन स्कूलों अनाथालय में बच्चों के यौन शोषण की मेडिकल की जांच की जिम्मेदारी विशेष योग्यता रखने वाले तत्कालीन पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना एवं शोभा भूतड़ा को दी जाए जिन्होंने एक हिंदू संत को 12 वर्ष 14 वर्ष पूर्व की घटना के बलात्कार के आरोप में गिरफ्तार कर सूरत जेल में डाल रखा है भले ही उनके पास इसका कोई सबूत नहीं है। दैनिक जागरण 30 अप्रैल 2010 विष्णुगुप्त के अनुसार क्रिस्चनपंथ के सर्वोच्च गुरु पोप चर्च के अनाथालय के अंधे बहरे गूंगे शारीरिक मानसिक अपंग 235 बच्चों का 20 वर्ष तक यौन शोषण करने के मामले में दोषी पाया गया। हिंदू संगठनों की मांग है की सरकार क्रिश्चियन पोप को भारत में लाकर अहमदाबाद की अदालत में सजा सुनाए । या भारत मे इनका प्रचार बन्द करवाये धर्मनिरपेक्षता की मिशाल कायम करें। आपने पूज्य संत आशाराम जी बापू के पूरे परिवार को प्रताड़ित करने के मामले में न्याय और प्रशासन की तत्परता की पूरी दुनिया में मिसाल कायम कर दी है । इस मामले में गुजरात सरकार की तत्परता एक आदर्श बन गई है। करोड़ों हिंदुओं की पूजनीय गुरु माता जी संत आशाराम जी बापू की धर्मपत्नी को इलाज कराने के लिए भी गुजरात से बाहर जाने पर पाबंदी लगा दी गई । हिंदू संगठनों को यह बात भी पता है कि एक मुस्लिम जज महिला गुरु माता जी को न्यायालय में दीवार की तरफ मुंह करके बैठने का आदेश देती है जिनके करोड़ों हिंदू अनुयाई है। कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी द्वारा महिला वकीलों को जज बनाने के स्टाइल का कहीं गुजरात में उपयोग तो नहीं हो रहा है गुजरात सरकार इसकी सीबीआई जांच करनी चाहिए। सरकार ने कई मामलों में महाभियोग लाकर देशद्रोही न्यायाधीशों के विरुद्ध कार्रवाई की है । अनेक राजनीतिक दलों द्वारा न्यायालय के आदेश को भी निरस्त किया गया है । केंद्र सरकार और राज्य सरकारों द्वारा अनेक दुर्दांत आतंकवादियों भ्रष्ट राजनेताओं के रिश्तेदारों के मुकदमे निरस्त कर दिए गए हैं। विदेश से पकड़ कर लाने की हिम्मत नही है।  हिंदू संगठनों द्वारा सामाजिक संगठनों द्वारा संत आसाराम जी बापू के विरुद्ध षड्यंत्र करने वाला राजू चांडक उर्फ राजू लंबू को गिरफ्तार करने के लिए स्टिंग ऑपरेशन के सबूत अहमदाबाद गुजरात पुलिस कमिश्नर दिनांक 26 /11 /2019 को कार्यवाही हेतु दिए गए हैं 8/ 11/ 2020 को सर्वोच्च न्यायालय में दिए गए हैं । 7/11 /2020 प्रधानमंत्री गृहमंत्री दिल्ली पुलिस कमिश्नर को दी दिए गए हैं । यही राजू लंबू षडयंत्रकारि बेख़ौफ घूम रहा है।सरकार ने संरक्षण दिया है। हिन्दू धर्म संस्कृति के आधार हिन्दू संतो के विरुद्ध हिन्दू जनता के विरुद्ध छद्मयुद्ध किया जा रहा है। क्रिप्टो क्रिस्चन आतंकवाद टेररिज्म को समाप्त किया जाए ।
हिंदू संगठनों की मांग है कि षडयंत्रकारियो पर कार्रवाई करके पूज्य संत आशाराम जी बापू को तत्काल जमानत दी जाए।
उन्हें ससम्मान रिहा किया जाय।

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