Breaking News






Home / हेल्थ / Covid 19: कोरोना वायरस टेस्ट में सीटी वैल्यू की क्या भूमिका होती है, कैसे लगाया जाता है कोविड मरीज का पता ?

Covid 19: कोरोना वायरस टेस्ट में सीटी वैल्यू की क्या भूमिका होती है, कैसे लगाया जाता है कोविड मरीज का पता ?

(रफतार न्यूज ब्यूरो) -कोविड महामारी की दूसरी लहर पहले से काफी ज्यादा भयानक है जिसको रोकना काफी मुश्किल साबित हो रहा है. वहीं समय रहते कोविड मरीजों का पता लगाया जा सके इसके लिए सभी सरकारें जगह जगह पर कोविड टेस्ट करवा रही हैं. कोई इंसान कोरोना वायरस से ग्रसित है या नहीं इसका पता आरटी पीसीआर टेस्ट के जरिए लगाया जाता है. इस टेस्ट के जरिए पता चलता है कि किसी व्यक्ति की सीटी वैल्यू कितनी है. कोविड की जांच में सीटी वैल्यू का काफी अहम रोल माना गया है. इसी के जरिए किसी व्यक्ति के कोविड से ग्रसित होने या नहीं होने की पुष्टि होती है.

वैज्ञानिक रूप से एक सीटी वैल्यू किसी सैंपल में वायरस की संख्या की जानकारी देती है. डायग्नोस्टिक शब्दों में एक कोविड रिपोर्ट में हमेशा सीटी वैल्यू दी जाती है, जो संदिग्ध मरीज को ये जानकारी देती है कि वो कोविड से संक्रमित है या नहीं और अगर उसमें कोविड के लक्षण हैं तो वो कितने प्रतिशत हैं. आरटी पीसीआर टेस्ट में सीटी वैल्यू मरीज में वायरल लोड को दर्शाती है. जिससे ये पता चलता है कि मरीज को कोरोना वायरस से संक्रमित माना जाना चाहिए या नहीं आरटी पीसीआर टेस्ट में जब सीटी वैल्यू कम होती है, तो उसका मतलब मरीज की स्थिति ज्यादा गंभीर है. जबकि अगर किसी मरीज की सीटी वैल्यू 35 होती है तो उसे कोविड से संक्रमित नहीं माना जाता है. जानकारी के मुताबिक ये गिनती तब निर्धारित की जाती है जब रोगी से सैंपल ले लिए जाते हैं. फिर उसमें से आरएनए को निकाला जाता है, जिसे बाद में रिवर्स ट्रांसक्रिप्ट एंजाइम के साथ इलाज किया जाता है. वहीं आईसीएमआर के दिशा निर्देशों के मुताबिक आरटी पीसीआर टेस्ट के तुरंत बाद नमूने में संक्रमण का पता चलने पर वायरस की पॉजिटिविटी का पता लगाया जा सकता है.

सीटी वैल्यू आपके शरीर में मौजूद वायरल लोड को निर्धारित करने में भी मदद करती है. आईसीएमआर के मुताबिक सीटी वैल्यू के लिए वैश्विक रूप से दिया गया कट ऑफ 35-40 प्रतिशत है. इसलिए अगर किसी व्यक्ति की सीटी वैल्यू 35 से कम है तो वो कोविड मरीज के रूप में जाना जाएगा.

About admin

Check Also

OMG सावधान : किसी भी वक्त पृथ्वी से टकरा सकता है सौर तूफान – मोबाइल/ इंटरनेट और GPS सिस्टम नही करेंगे काम

दिल्ली (रफतार न्यूज ब्यूरो) : कोरोना महामारी के बीच दुनियाभर के लिए एक और बड़ी …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Share