Friday , September 25 2020
Breaking News
Home / दुनिया / कोविड -19 के पोजिटिव मरीजों के लिए घरों में एकांतवास (आइसोलेशन) के नियमों को किया आसान – सिद्धू

कोविड -19 के पोजिटिव मरीजों के लिए घरों में एकांतवास (आइसोलेशन) के नियमों को किया आसान – सिद्धू

चंडीगढ़ (पीतांबर शर्मा) : स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री, पंजाब स. बलबीर सिंह सिद्धू ने राज्य के मरीजों को सामने आने और ख़ुद को कोविड -19 का टैस्ट करवाने की अपील की है। उन्होंने बताया कि सरकार ने मरीजों को घरों में एकांतवास (आइसोलेशन) की सुविधा प्राप्त करने के नियमों को आसान कर दिया है। कोविड -19 पोजिटिव मरीज़ का इलाज कर रहे मैडीकल अफ़सर की तरफ से क्लिनीकल सलाह के अनुसार कम लक्षणों /पूर्व -लक्षण /लक्षण के बिना वाले मामलों को घरों में आसानी से एकांतवास (आइसोलेशन) की सुविधा दी जा सकती है। ऐसे केस, जिनके पास घरों में ख़ुद को और परिवार को एकांतवास (आईसोलेट) करने की सुविधा है और 60 साल से ऊपर की उम्र वाले बुज़ुर्ग व्यक्ति, जिनको अन्य बीमारियाँ जैसे कि हाइपरटेंशन, शुगर, दिल की बीमारी, कोरोनिक लंगस /लीवर /किडनी डिजीज, केअरबरो -वसकुलर आदि बीमारियाँ हैं, उनको मैडीकल अफसरों की सलाह के साथ ही घर में आईसोलेट करने की सुविधा दी जा सकती है जिससे मरीजों की स्वास्थ्य को कोई नुक्सान न पहुँचे।
स्वास्थ्य मंत्री ने जानकारी दी है कि एकांतवास के लिए मरीज़ की तरफ से करारनामा (स्वै-घोषणा पत्र) लिख कर दिया जायेगा कि उनके पास घर में एकांतवास के लिए अलग कमरा और टायलट की सुविधा है। इसी तरह मरीज़ को किट खरीदनी ज़रूरी होगी, जिसमें पल्स औकसीमीटर, थर्मामीटर, विटामिन सी और जि़ंक की गोली शामिल है। मरीज़ की देखभाल करने वाले व्यक्ति की 24ङ्ग7के आधार पर उपलब्ध होना चाहिए और घर में एकांतवास के पूरे समय के दौरान मरीज़ की संभाल करने वाले व्यक्ति और हस्पताल में तालमेल रखा जायेगा। मरीज़ के मोबाइल में कोवा एप्लीकेशन डाउनलोड की जाये और हमेशा एक्टिव (ब्लूटूथ और वाई-फायी द्वारा) रखी जाये। मरीज़ की सहमति ज़रूरी होगी कि वह दिन में 3 बार आक्सीजन और बुख़ार की जांच करेगा /करेगी और अपने स्वास्थ्य का पूरा रिकार्ड रखा जायेगा और लगातार स्वास्थ्य स्थिति संबंधी जि़ला नोडल अफ़सर को जानकारी दी जायेगी, जो फॉलो-अप के लिए निगरानी टीम को सुविधा प्रदान करेंगे।
स. बलबीर सिंह सिद्धू ने बताया कि घर में एकांतवास (आइसोलेशन) 17 दिन और यदि लक्षण नहीं आते तो 3 दिनों में ख़त्म कर दिया जायेगा। यदि गंभीर लक्षण और समस्याएँ होने तो तुरंत मैडीकल सहायता प्राप्त की जाये। यदि मरीज़ को साँस लेने में तकलीफ़, डीप इन ऐकसीजऩ सैचूरेशन (एसपीओ2<95प्रतिशत), लगातार दर्द /छाती पर दबाव, दिमाग़ी संतुलन, गलत बोलना /दौरा, किसी भी अंग या चेहरा और कमज़ोरी या सुन्न होना, होंठों /चेहरे का रंग नीला पडऩे के लक्षण सामने आते हैं तो तुरंत मैडीकल सहायता प्राप्त करेगा।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री, पंजाब ने मरीज़ और मरीज़ की संभाल करने वाले व्यक्तियों को सरकार की तरफ से जारी की गए सभी मैडीकल प्रोटोकोल, सुरक्षित ढंग और सलाह की पालना करने की अपील की। इसके साथ ही मरीज़ की तरफ से अपनी स्वास्थ्य को मौनिटर किया जायेगा और बुख़ार की जांच करता रहेगा /रहेगी और यदि लक्षण सामने आते हैं तो तुरंत पहल के आधार पर रिपोर्ट करेगा।
स. बलबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि जहाँ मरीज़ की संभाल के दौरान सावधानियां ज़रूरी हैं, वहां मरीज़ और परिवारिक सदस्यों की संभाल बहुत ज़रूरी है। संभाल करने वाला व्यक्ति यकीनी बनाऐ कि मरीज़ को डाक्टरी सलाह के अनुसार इलाज दिया जाये। संभाल करने वाला और उसके नज़दीकी संपर्क ख़ुद की स्वास्थ्य को मौनिटर करेंगे और रोज़मर्रा के अपने बुख़ार को मौनिटर करेंगे और यदि कोविड -19 के लक्षण (बुख़ार /खाँसी /साँस लेने में तकलीफ़ आदि) हैं तो तुरंत रिपोर्ट की जाये।

About admin

Check Also

चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाला शातिर गैंग दबोचा

UP। मुरादनगर पुलिस ने चेकिंग के दौरान चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले शातिर …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Share